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मानपुर में सरकारी भूमि पर कब्जे के आरोपों को लेकर ग्रामीणों का प्रदर्शन, प्रधान-सेक्रेटरी के खिलाफ नारेबाजी

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शिकारपुर : 7 / सितम्बर / 2026 :   शिकारपुर  तहसील क्षेत्र के गांव मानपुर में विकास कार्यों की कथित अनदेखी और श्मशान-कब्रिस्तान की भूमि पर अवैध कब्जे के आरोपों को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश सामने आया। ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान पति संजीव उर्फ भूरा और ग्राम सेक्रेटरी देवेंद्र कुमार के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए प्रशासन से मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की।

ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में श्मशान घाट की भूमि का अब तक विधिवत चिन्हांकन नहीं कराया गया है और न ही उसकी चारदीवारी कराई गई है। वहीं, ग्रामीणों के मुताबिक करीब चार बीघा कब्रिस्तान की सरकारी भूमि पर भी कुछ लोगों ने कथित रूप से कब्जा कर उसे अपने खेतों में मिला लिया है। ग्रामीणों ने इस मामले में ग्राम प्रधान पति की भूमिका की जांच कराने की मांग की है।

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान जनप्रतिनिधि गांव में पहुंचकर वोट मांगते हैं, लेकिन चुनाव के बाद गांव की समस्याओं की ओर ध्यान नहीं दिया जाता। प्रदर्शनकारियों ने ग्राम सेक्रेटरी पर भी गांव का नियमित निरीक्षण नहीं करने का आरोप लगाया। इसके अलावा कुछ ग्रामीणों ने विकास कार्यों के लिए मिले सरकारी धन के कथित दुरुपयोग की जांच की मांग भी उठाई।

ग्रामीणों का आरोप है कि मानपुर के श्मशान घाट के विकास के लिए उपलब्ध कराए गए सरकारी फंड का उपयोग गांव में करने के बजाय अन्य स्थान पर पहले से मौजूद श्मशान घाट के निर्माण में किया गया। ग्रामीणों ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर सरकारी धन के इस्तेमाल की स्थिति स्पष्ट करने की मांग की है।

मामले को लेकर संबंधित ब्लॉक अधिकारियों से जानकारी लेने का प्रयास किया गया, लेकिन ग्रामीणों के आरोपों पर कोई स्पष्ट जवाब सामने नहीं आया। वहीं, ग्राम प्रधान पति संजीव उर्फ भूरा से भी फोन पर पक्ष जानने का प्रयास किया गया, लेकिन उनके स्तर से कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिल सका।

ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की कि मानपुर में श्मशान और कब्रिस्तान की भूमि का तत्काल चिन्हांकन कराकर उसकी सुरक्षा के लिए चारदीवारी कराई जाए। साथ ही सरकारी भूमि पर कथित कब्जे और विकास निधि के उपयोग की जांच कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।

ग्रामीणों का कहना है कि यदि उनकी समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो वे उच्च अधिकारियों के समक्ष शिकायत लेकर जाएंगे। प्रदर्शन के दौरान बाल प्रधान, डेनी जाट, अशोक कुमार, रवि, अनिल कुमार शर्मा, ईश्वरी प्रसाद, विक्रम, रामपाल, सैंकी, विमल, सुधीर डाक्टर, गुलाम, शिवा, कालू सहित काफी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।

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Author: krjnews

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