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बुलन्दशहर में 13 साल बाद लोटा युवक , मरा समझ कर घरवालों ने बहाया गंगा में

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बुलंदशहर : 26 / अक्टूबर / 2025 :  बुलंदशहर के सूरजपुर टिकरी गांव का ये मामला सचमुच फिल्मी है। 13 साल पहले दीपू नाम के एक बच्चे को सांप ने डस लिया था। इलाज के बाद भी जब उसकी हालत नहीं सुधरी, तो परिजनों ने उसे मृत समझकर ब्रजघाट पर गंगा में प्रवाहित कर दिया। लेकिन चमत्कार हुआ कि दीपू जिंदा था । बंगाली नाथ बाबा के आश्रम में सपेरों ने उसे बचा लिया और 13 साल बाद शुक्रवार देर शाम वह अपने पैतृक गांव लौट आया। उसे देखते ही माता-पिता ने गले लगा लिया, भाई-बहन की आंखें भर आईं और पूरा गांव देखने उमड़ पड़ा। दीपू अब 26 साल का है, उसकी शादी हो चुकी है और वह पत्नी-अनीता, दो बेटियों व एक बेटे के साथ पश्चिम बंगाल में रहता है। वहां बंगाली बाबा के साथ सांप पकड़ने का काम करता है।परिवार ने बताया कि दीपू को आश्रम में जड़ी-बूटियों से जिंदा किया गया था, लेकिन बाबा ने उसे तुरंत घर भेजने से मना कर दिया। उन्होंने कहा एक साल बाद ही वह परिजनों से मिल पाएगा। अब वह वापस आश्रम लौट गया है।पिता सुखपाल सैनी ने बताया- दीपू अपने 5 भाई बहनों में सबसे छोटा है। तीन बड़ी बेटियां, एक बड़ा बेटा राजकुमार है। बेटियों की शादी हाे चुकी है, जबकि राजकुमार अविवाहित है। हम लोग खेती किसानी करते हैं। दीपू के भाई राजकुमार ने बताया- भाई के मिलने से हम लोग बहुत खुश हैं। उम्मीद नहीं थी कि भाई जिंदा होगा। उसे जिंदा देखकर हैरानी से ज्यादा खुशी हुई है। दीपू के परिवार का कहना है कि बेटा भले ही हमारे साथ नहीं रहेगा, लेकिन वो जिंदा है इस बात की खुशी है। उसने कहा है कि वो अब अपने घर आता-जाता रहेगा।

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Author: krjnews

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