गोरखपुर/ ०२ जून २०२६ :शहर के उत्तरी क्षेत्र में स्थित चिलूवाताल को पर्यटन के नए केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। 20.35 करोड़ रुपये की लागत से तैयार विभिन्न निर्माण कार्यों का लोकार्पण किया गया। इस परियोजना के तहत चिलूवाताल को रामगढ़ ताल नौकाविहार की तर्ज पर विकसित किया गया है, जिससे अब उत्तरी क्षेत्र के वे पर्यटक, जो रामगढ़ ताल नहीं जा पाते, यहां उसी तरह का आनंद ले सकेंगे।

लोकार्पण से पहले भजन संध्या भवन का निरीक्षण कर परिसर में पौधरोपण भी किया गया। चिलूवाताल लगभग 400 एकड़ से अधिक क्षेत्र में फैला हुआ है और अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए पहले से ही जाना जाता रहा है। यहां हर साल साइबेरियन पक्षियों का आगमन होता है, जो इस क्षेत्र को और आकर्षक बनाता है।

परियोजना के पूर्ण होने से न केवल स्थानीय लोगों को एक बेहतर पर्यटन स्थल मिलेगा, बल्कि इससे क्षेत्र में रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। चिलूवाताल का यह विकास गोरखपुर के पर्यटन मानचित्र पर एक नई पहचान स्थापित करेगा।

![]()
